छोटे कदम, बड़ा कमाल – आत्मानंद स्कूल की नन्ही कलाकारों ने राज्योत्सव मंच पर बिखेरी चमक
राज्योत्सव का मंच बना आत्मानंद स्कूल की प्रतिभाओं का गवाह – अतिफा एंड टीम को मिला सम्मान
मनेंद्रगढ़ (एमसीबी)।
छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित राज्योत्सव कार्यक्रम में मनेंद्रगढ़ की आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम विद्यालय की छात्राओं ने अपनी अद्भुत प्रस्तुति से सभी का दिल जीत लिया। कक्षा पाँचवीं की छात्रा अतिफा नाज अंसारी के नेतृत्व में उनकी टीम ने ऐसा मनमोहक नृत्य प्रस्तुत किया कि पूरा मैदान तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा।
शानदार आगाज़ – दीप प्रज्वलन के साथ शुरू हुआ राज्योत्सव
राज्योत्सव कार्यक्रम की शुरुआत पारंपरिक ढंग से अतिथियों के स्वागत और दीप प्रज्वलन के साथ हुई। मंच पर जिले के प्रशासनिक अधिकारी, जनप्रतिनिधि, सामाजिक संगठन और सैकड़ों दर्शक मौजूद थे। कार्यक्रम में स्थानीय कलाकारों और विभिन्न स्कूलों के विद्यार्थियों ने छत्तीसगढ़ की लोकसंस्कृति से जुड़ी नृत्य, गीत और नाट्य प्रस्तुतियां देकर माहौल को उत्सवमय बना दिया।

कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण रहा आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम स्कूल की नन्ही छात्राओं का समूह नृत्य। अतिफा नाज अंसारी के नेतृत्व में प्रस्तुत इस नृत्य में छत्तीसगढ़ी लोकनृत्य की झलक के साथ देशभक्ति का रंग भी घुला हुआ था। उनकी सटीक तालमेल, उत्साहपूर्ण भाव-भंगिमा और संगीत की लय पर झूमती प्रस्तुति ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
मंच से लेकर दर्शक दीर्घा तक सभी ने इन नन्हीं कलाकारों को खड़े होकर तालियों से सराहा।

प्रशासन ने किया सम्मानित, विद्यालय प्रबंधन हुआ गौरवान्वित
कार्यक्रम में आत्मानंद स्कूल की इन छात्राओं को प्रशासन की ओर से शील्ड और प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। सम्मान पाकर बच्चियाँ उत्साहित नजर आईं।
विद्यालय के प्राचार्य ने इस अवसर पर कहा —
> “हमारे विद्यार्थियों ने स्कूल ही नहीं, पूरे जिले का नाम रोशन किया है। इतनी छोटी उम्र में राज्यस्तरीय मंच पर आत्मविश्वास के साथ प्रदर्शन करना गर्व की बात है।”
विद्यालय प्रबंधन और शिक्षकों ने भी छात्राओं की इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उनके उज्जवल भविष्य की कामना की।

सांस्कृतिक रंगों से सजा रहा राज्योत्सव
पूरे राज्योत्सव कार्यक्रम में लोकनृत्य, लोकगीत, नाटक और सांस्कृतिक झलकियों की ऐसी श्रृंखला देखने को मिली जिसने उपस्थित जनसमूह को देर रात तक बांधे रखा। बच्चों की प्रतिभा और उत्साह ने यह साबित कर दिया कि एमसीबी जिला कला और संस्कृति के क्षेत्र में लगातार नई ऊँचाइयाँ छू रहा है।
राज्योत्सव के इस मंच ने जहाँ स्थानीय प्रतिभाओं को अपनी कला दिखाने का अवसर दिया, वहीं आत्मानंद स्कूल की बाल कलाकारों ने अपने प्रदर्शन से यह साबित कर दिया कि भविष्य में यही बच्चे छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक पहचान को आगे बढ़ाएंगे।
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